Harish sharma (Ranjha)
मेरे बहते हुए आंसू में कितना दर्द है
तू ना जान पाएगी।
मेरे बहते हुए आंसू में कितना दर्द है
तू ना जान पाएगी।
तुम मुझे छोड़ना चाहती है छोड़ दे ।
जब मेरे जैसा तुझे ना मिलेगा तब तो बहुत पछताएगी।
पर उस समय सब कुछ जाकर भी तो कुछ ना कर पाएगी
मेरे बहते हुए आंसू में कितना दर्द है ।
तू ना जान पाए।
Shayari guru
Ekta shrivastava
15-Feb-2022 09:47 PM
Waah kya baat
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Anju Dixit
15-Feb-2022 09:33 PM
वाह वाह
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Gunjan Kamal
15-Feb-2022 07:13 PM
Very nice
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